महाराष्ट्र में आगामी लोकसभा चुनावों को देखते हुए सियासी गरमाहट और भी तेज हो गई। इस सियासी हलचल के बीच नई खबर सामने आ रही है। शरद पवार के भतीजे अजित पवार महाराष्ट्र सरकार में शामिल हो गए हैं। उन्हें राज्य का डिप्टी CM बनाया गया है। इस दौरान CM एकनाथ शिंदे और डिप्टी CM देवेंद्र फडणवीस मौजूद रहे। रविवार को अजित पवार ने अपने आवास पर रांकपा नेताओं की बैठक बुलाई। खबरों के मुताबिक अजित पवार रांकपा के उन विधायकों का पत्र लेकर राज्यपाल के पास गए हैं जो उनके समर्थन में हैं।
खबरों के मुताबिक अजित पवार अपने समर्थन वाले विधायकों को लेकर राजभवन गए। वहां उन्होनें मंत्री पद की शपथ ली। अजित पवार के अलावा NCP के 9 विधायक मंत्री पद की शपथ लेंगे। इनमें पवार के अलावा छगन भुजबल, धनंजय मुंडे, अनिल पाटिल, दिलीप वलसे पाटिल, धर्मराव अत्राम, सुनील वलसाड, अदिति तटकरे और हसन मुश्रीफ शामिल हैं।
विधायकों का समर्थन पत्र लेकर राज्यपाल के पास पहुंचे
महाराष्ट्र में लोकसभा चुनावों को देखते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) में ताकत के लिए रस्साकशी जारी है। रविवार को अजित पवार के आवास पर हुई रांकपा नेताओं की बैठक में पार्टी की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले और प्रफुल्ल पटेल भी शामिल हुए। इस मीटिंग के बाद अजित पवार राकांपा के अपने समर्थन वाले विधायकों का पत्र लेकर राज्यपाल के पास पहुंचे। वहीं अजित पवार एनडीए को समर्थन देने के बाद सरकार में मंत्रीपद की शपथ ली हैं। इनके साथ छगन भुजबल भी शपथ लेंगे। इस बीच महाराष्ट्र के सीएम एकनाथ शिंदे भी राजभवन पहुंच गए हैं।
पहले भी कर चुके पद छोड़ने की इच्छा
आपको बता दें कि इससे पहले अजित पवार ने महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष नेता का पद छोड़ने की इच्छा जाहिर की। उन्होनें कहा कि मुझे विपक्ष के नेता की जिम्मेदारी से मुक्त किया जाए और पार्टी में कोई दूसरी जिम्मेदारी सौंपी जाए। उन्होनें कहा कि महाराष्ट्र में कुछ लोग बोलते है कि मैं विपक्ष के नेता जैसा कोई काम नहीं करता। मैं सरकार के खिलाफ नहीं बोलता हूं। विपक्ष के नेता को लेकर मेरा जिस तरह का व्यवहार होना चाहिए मेरा व्यवहार वैसा नहीं है।