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Uttarakhand: चुनाव आयोग के आदेश पर बोगेश्वर डीएम के खिलाफ जांच

जयपुर। भारतीय निर्वाचन आयोग ने भाकपा (माले) की उत्तराखंड इकाई द्वारा बागेश्वर की जिलाधिकारी अनुराधा पाल के खिलाफ लगाए गए आरोपों की जांच के आदेश दिए हैं। पार्टी ने चुनाव आयोग को दी गई शिकायत में जिलाधिकारी पर एक सितंबर को बागेश्वर में संवाददाता सम्मेलन आयोजित करने पर शर्तें थोपने का आरोप लगाया था। मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय द्वारा जिलाधिकारी बागेश्वर को वामपंथी पार्टियों को नियमानुसार प्रेस कांफ्रेंस की अनुमति देने को कहा गया, लेकिन जिलाधिकारी द्वारा प्रेस कांफ्रेंस की अनुमति देने में आनाकानी की गई। वामपंथी संगठनों की शिकायत पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ.वी षणमुगम ने कुमाऊं मंडल के आयुक्त से जांच कर रिपोर्ट मांगी।

 

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वामपंथी नेताओं की शिकायत पर बागेश्वर की जिलाधिकारी अनुराधा पाल के खिलाफ जांच के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कुमाऊँ कमिश्नर को जांच के आदेश दिए हैं। वामपंथी पार्टियों का प्रतिनिधिमंडल 01 सितंबर 2023 को बागेश्वर गया था। मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय द्वारा जिलाधिकारी, बागेश्वर को वामपंथी पार्टियों को नियमानुसार प्रेस कांफ्रेंस की अनुमति देने को कहा गया,लेकिन जिलाधिकारी द्वारा प्रेस कांफ्रेंस की अनुमति देने में आनाकानी की गई। जिलाधिकारी ने तो उल्टा प्रश्न कर डाला कि अनुमति क्यों देनी चाहिए।

 

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उत्तराखंड में भाकपा (माले) के राज्य सचिव इंद्रेश मैखुरी ने बताया,हमने बागेश्वर की जिलाधिकारी को एक पत्र लिखकर पार्टी द्वारा एक सितंबर को आयोजित किए जाने वाले संवाददाता सम्मेलन की सूचना दी थी। उसके लिए अपनी सहमति देने की बजाय उन्होंने हमसे पहले संवाददाता सम्मेलन करने के हमारे अधिकार पर ही सवाल उठाया क्योंकि हमने बागेश्वर विधानसभा उपचुनाव में अपना कोई उम्मीदवार नहीं उतारा था। इसके बाद उन्होंने हम पर यह शर्त लगाई कि हमें संवाददाता सम्मेलन की सामग्री लिखित रूप से प्रशासन को देनी होगी। 

 

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उत्तराखंड के मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. वी षणमुगम ने बुधवार को कुमांउ आयुक्त को बागेश्वर की जिलाधिकारी के खिलाफ शिकायत की जांच करने को कहा। इसके बारे में पूछे जाने पर पाल ने कहा कि इस संबंध में जो भी निर्णय लिया गया वह चुनाव आयोग द्वारा निर्धारित नियमों के अनुरूप था। जिलाधिकारी ने कहा,अगर कुछ शर्तें लगाई गयीं हैं तो वे चुनाव आयोग के नियमों के अनुसार हैं और इसमें आयोग की अनुमति भी है। बागेश्वर उपचुनाव पांच सितंबर को हुआ था जिसका नतीजा शुक्रवार को आना है। 

Suraksha Rajora

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