Khatu Shyam Darshan Time: राजस्थान के सीकरी में स्थित खाटू श्याम जी का मंदिर भक्तों की आस्था का प्रमुख केंद्र हैं। लोग खाटू वाले बाबा के पास अपनी मुराद लेकर पहुंचते हैं। बाबा खाटू श्याम को हारे का सहारा, तीन बाण धारी और शीश के दानी आदि कई नामों से पुकारा जाता हैं। बाबा खाटू के लिए एक विशेष दिन समर्पित है। जानते हैं वह कौन-सा दिन है, जब खाटू श्याम जी के दर्शन करने से भक्तों की सभी मनोकामनाएं जल्दी पूरी होती हैं।
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कौन हैं खाटू श्याम जी
(Kon Hai Khatu Shyam Ji)
खाटू श्याम जी असल में पांडवों में से भीम के पोते अर्थात घटोत्कच के बेटे हैं। जिनका असली नाम बर्बरीक था। उनकी प्रसिद्धि का कारण महाभारत के युद्ध से जुड़ा है। पौराणिक कथा के अनुसार, महाभारत के युद्ध में हिस्सा लेने के लिए बर्बरीक ने अपनी माता से आज्ञा मांगी थी। तब उनकी मां ने उनसे कहा था कि तुम युद्ध में जाओ, लेकिन युद्ध में हारे का सहारा बनना। तभी से खाटू श्याम हारे का सहारा कहलाने लगे।
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इस दिन करें खाटू श्याम जी के दर्शन
(Khatu Shyam Ji ke Darshan Time)
खाटू श्याम जी के दर्शन कभी भी किये जा सकते हैं। लेकिन फाल्गुन माह की शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि पर खाटू श्याम जी के दर्शन करना विशेष मानते हैं। कहते है कि इस समय में बाबा खाटू श्याम जी के दर्शन करने से वह अपने भक्तों की पुकार को जल्दी सुनते हैं और उन्हें पूरा भी करते हैं।