जयपुर। भगवान कृष्ण के बाल रूप को याद करते ही सभी के मन में प्रसन्नता आ जाती है। वृंदावन तो वो पवित्र स्थल है जिसे कृष्ण के 'बचपन के निवास' के रूप में जाना हैं। वृंदावन में राधा-कृष्ण के रास को दिखाने वाला केवल प्रेम मंदिर ही नहीं बल्कि कई सारे मंदिर है जो कृष्ण और राधा को समर्पित है। अगर आप वृंदावन घूमने जाएं तो इन मंदिरों के भी दर्शन कर सकते हैं।
इस्कॉन वृंदावन मंदिर – ISKCON Vrindavan Temple
यह मंदिर पूरी तरह भगवान कृष्ण के बचपन को समर्पित है। इसे कृष्ण बलराम मंदिर के रूप में भी जाना जाता है। यह वृंदावन के प्रसिद्ध मंदिरों में एक है। कृष्ण-बलराम के चित्रों की अद्भुत कलाकृति को देखकर भक्त मंत्रमुग्ध हो जाते हैं। ये मंदिर रोजाना सुबह 4:30 बजे से दोपहर के 1 बजे तक खुलता है, वही शाम 4:30 बजे से रात के 8:30 बजे तक खुलता है।
राधा रमण मंदिर
वृद्धावन के प्रसिद्ध मंदिरों में राधा रमण मंदिर का नाम भी शामिल है। जैसा की नाम से पता चलता है राधा रमन यानि राधा को प्रसन्न करने वाला मंदिर। भगवान श्री कृष्ण को समर्पित यह मंदिर आधुनिक हिंदू मंदिरों में से एक है। इस मंदिर के पीछे की खास बात जानकर आप हैरान हो जाएंगे। भगवान कृष्ण और राधा के प्रेम को दर्शाने वाले इस मंदिर में राधा की एक भी मूर्ति देखने को नहीं मिलेगी। यहां पर भगवान कृष्ण के बगल में एक भव्य मुकुट है उसे ही राधा की उपस्थिति का प्रतीक माना जाता है।
गोविंद देव जी मंदिर
यह वो मंदिर है जिसे भगवान कृष्ण के बचपन के घर के रूप में दिखाया गया है। लाल रंग के पत्थर से बना मंदिर वास्तुशिल्प का चमत्कारी मंदिर है। यह मंदिर भी भगवान श्री कृष्ण के बचपन को समर्पित है।
यह भी पढे़ – janmashtami 2023: चंबल तट पर नंद ग्राम में विराजे देश दुनिया के प्रथम पीठ भगवान मथुराधीश
प्रेम मंदिर- Prem Mandir
"भगवान के प्रेम का मंदिर" के रूप में जाना जाने वाला विशाल प्रेम मंदिर है। इसे जगदगुरु कृपालु महाराज और उनकी संस्था ने बनवाया था। यह मंदिर राधा- कृष्ण के प्रेम का प्रतीक है। यह मंदिर राधा कृष्ण के साथ-साथ सीता राम को भी समर्पित है। यहां बनी झांकियों को देखकर हर कोई अपनी नजर नहीं हटा पाता है।
India is known for handmade crafts. Our artisans make beautiful items with their hands, keeping…
In today’s time, everyone wants to do their own business. But the biggest problem is…
World Health Day : विश्व स्वास्थ्य दिवस हर साल 7 अप्रैल को मनाया जाता है…
टोंक। विगत तीन वर्षों से अपने शैक्षणिक नवाचारों से चर्चित राहोली के पीएमश्री राजकीय उच्च…
जयपुर। हाल ही में समाजवादी पार्टी के सांसद रामजीलाल सुमन के द्वारा दिए गए विवादित…
जयपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ऋषि गालव भाग द्वारा 30 मार्च, चैत्र शुक्ल प्रतिपदा नववर्ष पर…